क्या व्यायाम चीनी के एपिजेनेटिक उम्र बढ़ाने वाले प्रभावों का मुकाबला करता है?

Feb 24, 2026

हां, व्यायाम चीनी के एपिजेनेटिक उम्र बढ़ाने वाले प्रभावों को काफी हद तक कम कर सकता है, जैसा कि कई अध्ययनों से पता चलता है। नियमित एरोबिक और स्ट्रेंथ ट्रेनिंग एपिजेनेटिक क्लॉक को धीमा करती है, भले ही चीनी का सेवन हो। डायबिटीज प्रभावित भारतीयों के लिए योग और वॉकिंग आदर्श हैं।

एपिजेनेटिक उम्र बढ़ना और चीनी का प्रभाव

चीनी डीएनए मिथाइलेशन को बदलकर एपिजेनेटिक उम्र बढ़ाती है, जिससे कोशिकाएं जैविक रूप से पुरानी हो जाती हैं। प्रत्येक ग्राम अतिरिक्त चीनी 0.02 वर्ष एपिजेनेटिक उम्र बढ़ाती है। व्यायाम इन परिवर्तनों को उलट सकता है।

व्यायाम कैसे मुकाबला करता है

संरचित व्यायाम (जैसे HIIT या स्ट्रेंथ) मसल टिश्यू में एपिजेनेटिक परिवर्तनों को कम करता है। आठ सप्ताह की ट्रेनिंग से महिलाओं की एपिजेनेटिक उम्र 2 वर्ष घटी। यह इम्यूनोसेंसेंस और हृदय जोखिम को कम करता है।

अध्ययनों के प्रमाण

Aging-US अध्ययन में व्यायाम एपिजेनेटिक एजिंग को धीमा करता है, हृदय, लीवर और गट में लाभ। चूहों में एंड्योरेंस ट्रेनिंग आयु-संबंधी बदलाव उलटती है। व्यायाम चीनी जलाकर उसके प्रभाव को न्यूट्रलाइज करता है।

भारतीय संदर्भ में व्यायाम सुझाव

डायबिटीज वाले लिए 30 मिनट दैनिक वॉकिंग या योग चीनी प्रभाव कम करता है। सुबह व्यायाम ब्लड शुगर स्थिर रखता है। कम प्रभाव वाले जैसे सूर्य नमस्कार एपिजेनेटिक लाभ देते हैं।

  1. https://www.aging-us.com/article/206278/pdf
  2. https://jamanetwork.com/journals/jamanetworkopen/fullarticle/2821611
  3. https://pmc.ncbi.nlm.nih.gov/articles/PMC5514203/
  4. https://www.frontiersin.org/journals/genetics/articles/10.3389/fgene.2021.652497/full

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